
Parliament session के नौवें दिन (गुरुवार) लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों में राजनीतिक संघर्ष और हंगामा जारी रहा। भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने स्पीकर ओम बिरला से शिकायत की कि TMC सांसद सदन में ई-सिगरेट पी रहे हैं, जिस पर स्पीकर ने कार्रवाई का आश्वासन दिया।
Uproar in Parliament session
Parliament session में लोकसभा में पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी जब विपक्ष के सवालों का जवाब दे रहे थे तो उनका जेब में हाथ डालकर बोलना स्पीकर ने अस्वीकार्य बताया और उन्होंने पुरी को जेब से हाथ बाहर निकालने का निर्देश दिया।
इस बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सुबह संसद पहुंचे, तब कांग्रेस के जयराम रमेश ने उन्हें ‘सरदार पटेल की इनसाइड स्टोरी: मणिबेन पटेल की डायरी’ नामक किताब सौंपी, लेकिन राजनाथ सिंह ने मुस्कुराते हुए कहा कि उन्हें गुजराती नहीं आती और अंग्रेजी में किताब मिलने की बात कही।
अमित शाह का भाषण और विपक्षी प्रतिक्रिया Parliament session
लोकसभा में चुनाव सुधार (SIR) पर भाषण के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष को तेज़ी से निशाना बनाया और कहा कि वे यह तय नहीं कर सकते कि भारत का प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री कौन होगा, खासकर जब बात घुसपैठियों से जुड़े मतदाता सूची विवाद की हो। शाह ने कहा कि सरकार की ‘3D नीति’ के तहत घुसपैठियों को डिटेक्ट, डिलीट और डिपोर्ट किया जाएगा, और ऐसा लोग तय नहीं करेंगे कि देश का भविष्य कैसा होगा।
शाह ने लोकसभा में कहा कि “मेरे भाषण का क्रम मैं तय करूंगा,”, यह स्पष्ट करते हुए कि वह कैसे जवाब देंगे वह स्वयं तय करेंगे — इस दौरान संसद का माहौल काफी गर्म रहा।
विपक्षी नेता राहुल गांधी ने शाह के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी और कहा कि गृह मंत्री “घबरा रहे थे और गलत भाषा का इस्तेमाल कर रहे थे।” उन्होंने यह भी दावा किया कि शाह उनके सवालों का सीधा और ठोस जवाब नहीं दे पाए।
बीटीभी, विपक्षी सांसदों ने शाह की भाषा को कड़ा और विवादास्पद बताया, जिससे संसद में वॉकआउट और हंगामा देखने को मिला।
विपक्ष और सत्ता पक्ष के आरोप-प्रत्यारोप
Parliament session में बीजेपी सांसद रेखा शर्मा ने विपक्ष के वॉकआउट को “विपक्ष की हार” बताया और आरोप लगाया कि विपक्ष SIR मुद्दे पर सुनना नहीं चाहता।
कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि बीजेपी “इतिहास की बातें करती रहती है” और हर मुद्दे में नेहरू-गांधी परिवार को घसीटती है।”
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर आरोप लगाया कि वह “हिट-एंड-रन” लोकतंत्र रणनीति अपनाते हैं और सच्चाई सुनने से बचते हैं।









