
देश की सबसे अमीर नगर निकाय बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) को आखिरकार नई मेयर मिल गई है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) की पार्षद रितु तावड़े को महायुति गठबंधन ने बीएमसी महापौर पद के लिए अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित कर दिया है। वहीं, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने संजय शंकर घड़ी को उप महापौर पद के लिए मैदान में उतारा है।
मुंबई में नए मेयर के लिए 11 फरवरी को दोपहर 12 बजे मतदान होगा। इस बार महापौर पद सामान्य वर्ग की महिला पार्षद के लिए आरक्षित है। पूरे चुनावी प्रक्रिया की निगरानी बीएमसी आयुक्त भूषण गगरानी कर रहे हैं।
उल्लेखनीय बिंदु (Key Highlights)
- BJP की रितु तावड़े बीएमसी मेयर पद की उम्मीदवार
- शिवसेना (शिंदे गुट) से संजय शंकर घड़ी उप महापौर उम्मीदवार
- 11 फरवरी को दोपहर 12 बजे मतदान
- महापौर पद महिला सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित
- महायुति के पास 118 पार्षदों का स्पष्ट बहुमत
- भाजपा बनी सबसे बड़ी पार्टी – 89 सीटें
अमित साटम ने किया नाम का ऐलान
शनिवार को मुंबई BJP अध्यक्ष अमित साटम ने नगर निगम मुख्यालय में वरिष्ठ नेताओं और नव निर्वाचित पार्षदों की मौजूदगी में रितु तावड़े के नाम की औपचारिक घोषणा की। इससे पहले रितु तावड़े और सायन से पार्षद राजेश्री शिरवाडकर के नाम पर चर्चा चल रही थी।
उधर, महायुति सहयोगी शिवसेना (शिंदे गुट) ने साफ कर दिया कि वह उप महापौर पद पर ही संतोष करेगी और संजय शंकर घड़ी को उम्मीदवार घोषित किया। उप महापौर का कार्यकाल डेढ़ वर्ष का होगा।
ऐतिहासिक क्षण बताया, पार्टी नेतृत्व का जताया आभार
मेयर पद की उम्मीदवार बनाए जाने पर रितु तावड़े ने इसे अपने राजनीतिक जीवन का ऐतिहासिक क्षण बताया। उन्होंने पार्टी नेतृत्व और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे व भाजपा शीर्ष नेतृत्व का आभार व्यक्त किया।
वहीं अमित साटम ने कहा कि
“नई सरकार मुंबई को भ्रष्टाचार-मुक्त, पारदर्शी और विकासशील शहर बनाने की दिशा में काम करेगी। महायुति मुंबईवासियों के आशीर्वाद से स्थिर और मजबूत शासन देगी।”
महायुति की जीत तय
हालांकि विपक्षी दलों द्वारा मेयर और उप महापौर पद के लिए उम्मीदवार उतारे जा सकते हैं, लेकिन 227 सदस्यीय बीएमसी सदन में महायुति के पास 118 पार्षदों की संख्या है।
ऐसे में गठबंधन दोनों पदों पर जीत को लेकर पूरी तरह आश्वस्त है।
बीएमसी चुनाव परिणाम: BJP सबसे बड़ी पार्टी
15 जनवरी को मतदान और 16 जनवरी को हुई मतगणना के बाद सामने आए नतीजों में
- भाजपा – 89 सीटें
- शिवसेना (शिंदे गुट) – 29 सीटें
- शिवसेना (उद्धव गुट) – 65 सीटें
- मनसे – 6 सीटें
BJP सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, लेकिन बहुमत के लिए शिवसेना (शिंदे) का समर्थन जरूरी था।
मेयर पद को लेकर चला लंबा राजनीतिक मंथन
मेयर पद को लेकर महायुति में काफी समय तक मंथन और खींचतान चली। शिवसेना (शिंदे गुट) चाहती थी कि महापौर पद उसी के खाते में जाए, जबकि भाजपा सबसे बड़ी पार्टी होने के नाते यह पद अपने पास रखना चाहती थी। आखिरकार राजनीतिक संतुलन और सीटों की गणित को देखते हुए रितु तावड़े के नाम पर सहमति बनी और शिवसेना को उप महापौर पद मिला।
निष्कर्ष
देश की सबसे अमीर महापालिका को लेकर चला सस्पेंस अब खत्म हो चुका है। महायुति गठबंधन पूरी मजबूती के साथ मुंबई की सत्ता संभालने जा रहा है, और 11 फरवरी को मतदान के बाद रितु तावड़े का मेयर बनना लगभग तय माना जा रहा है।










