
“Iran should be prepared for a hail of missiles,” Trump issued an open warning, अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने दावा किया है कि ईरान के खिलाफ चल रहे सैन्य अभियान में अमेरिका को बड़ी सफलता मिल रही है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सेना ने युद्ध के शुरुआती दिनों में ही ईरान को काफी कमजोर कर दिया है और आने वाले दिनों में यह बढ़त और मजबूत होगी। व्हाइट हाउस के अनुसार, अमेरिका और इजरायल की संयुक्त कार्रवाई से तेहरान के सैन्य और सुरक्षा ढांचे पर भारी दबाव बना है। ट्रंप प्रशासन ने संकेत दिया है कि यदि हालात नहीं बदले तो ईरान पर हमले और तेज किए जा सकते हैं।
“अमेरिकी सेना शानदार काम कर रही है” – ट्रंप
राष्ट्रपति ट्रंप ने मीडिया से बातचीत में कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ बेहद प्रभावी कार्रवाई की है।
उन्होंने कहा:
- अमेरिका के पास दुनिया की सबसे शक्तिशाली सेना है।
- युद्ध शुरू होने के एक सप्ताह से भी कम समय में बड़ी उपलब्धियां हासिल हुई हैं।
- अगर इस अभियान को 10 में रेट करना हो, तो मैं अमेरिकी सेना को 15 नंबर दूंगा।
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान की सैन्य क्षमता तेजी से कमजोर हो रही है और उसके मिसाइल भंडार भी खत्म होने की स्थिति में हैं।
“ईरान की मिसाइलें खत्म हो रही हैं”
ट्रंप ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ईरान लंबे समय से परमाणु हथियार हासिल करने की कोशिश कर रहा था।
उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति Barack Obama द्वारा की गई परमाणु डील की आलोचना करते हुए कहा कि उस समझौते से ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने का रास्ता मिल गया था।
ट्रंप ने कहा कि मौजूदा सैन्य अभियान का उद्देश्य ईरान की उस क्षमता को खत्म करना है।
“ईरान के आसमान पर अमेरिका का कंट्रोल”
अमेरिकी रक्षा मंत्री Pete Hegseth ने कहा कि अमेरिकी और इजरायली वायुसेना ने ईरान के हवाई क्षेत्र में बढ़त बना ली है।
उनके मुताबिक:
- अमेरिकी लड़ाकू विमान ईरान के आसमान में टारगेट चुनकर हमले कर रहे हैं।
- पूरे दिन हवाई हमलों के जरिए ईरान के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया जा रहा है।
उन्होंने दावा किया कि ईरान के नेता भी अब यह देख रहे हैं कि अमेरिका और इजरायल की एयरफोर्स किस तरह स्थिति को नियंत्रित कर रही है।
“ईरान पर मिसाइलों की बारिश होगी”
व्हाइट हाउस की प्रवक्ता Karoline Leavitt ने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले समय में अमेरिका ईरान के ऊपर अपनी हवाई ताकत पूरी तरह स्थापित कर सकता है।
उनके अनुसार:
- अमेरिकी सेना जल्द ही ईरान के आसमान पर पूरा नियंत्रण हासिल कर सकती है।
- इसके बाद रणनीतिक लक्ष्यों पर मिसाइलों की बारिश की जाएगी।
व्हाइट हाउस का कहना है कि ये हमले उन टारगेट्स पर होंगे जिन्हें अमेरिकी रक्षा विभाग ने राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा माना है।
28 फरवरी से शुरू हुआ सैन्य अभियान
अमेरिका और Israel ने 28 फरवरी से ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान शुरू किया है। इसके बाद से दोनों देशों की ओर से लगातार आक्रामक बयान सामने आ रहे हैं।
बताया जा रहा है कि इन हमलों का उद्देश्य तेहरान के सत्ता ढांचे और सैन्य क्षमता को कमजोर करना है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अब तक इन हमलों में ईरान में 1,000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और कई सैन्य ठिकाने भी नष्ट हुए हैं।









