
Foreign Exchange and Gold Reserves, भारत को विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserves) के मोर्चे पर बड़ी राहत मिली है। लगातार दूसरे सप्ताह देश के फॉरेन एक्सचेंज रिजर्व में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस बढ़त की मुख्य वजह फॉरेन करेंसी एसेट (FCA) और गोल्ड रिजर्व में इजाफा रहा है।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, 12 दिसंबर 2025 को समाप्त सप्ताह के दौरान भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में 1.689 अरब डॉलर की वृद्धि हुई है।
अब कितने पर पहुंचा भारत का फॉरेक्स रिजर्व? Foreign Exchange and Gold Reserves
आरबीआई के मुताबिक, हालिया बढ़ोतरी के बाद भारत का कुल विदेशी मुद्रा भंडार बढ़कर 688.949 अरब डॉलर हो गया है। इससे पहले वाले सप्ताह में भी भंडार में 1.033 अरब डॉलर की वृद्धि देखी गई थी।
गौरतलब है कि भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 27 सितंबर 2024 को समाप्त सप्ताह में 704.885 अरब डॉलर के रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंचा था।
फॉरेन करेंसी एसेट (FCA) में मजबूत बढ़त
समीक्षाधीन सप्ताह में भारत की विदेशी मुद्रा परिसंपत्तियों यानी Foreign Currency Assets (FCA) में भी सुधार दर्ज किया गया है।
12 दिसंबर 2025 को समाप्त सप्ताह में FCA में 906 मिलियन डॉलर की बढ़ोतरी हुई है। इससे एक सप्ताह पहले इसमें 151 मिलियन डॉलर की गिरावट आई थी।
अब भारत का कुल FCA बढ़कर 557.787 अरब डॉलर हो गया है।
FCA विदेशी मुद्रा भंडार का सबसे बड़ा हिस्सा होता है, जिसमें डॉलर के अलावा यूरो, पाउंड और येन जैसी अन्य प्रमुख मुद्राओं के उतार-चढ़ाव का असर भी शामिल होता है।
गोल्ड रिजर्व में भी लगातार इजाफा
भारत के सोने के भंडार (Gold Reserves) में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखने को मिली है।
आरबीआई के अनुसार, बीते सप्ताह गोल्ड रिजर्व के मूल्य में 758 मिलियन डॉलर का इजाफा हुआ है। इससे पहले वाले सप्ताह में यह बढ़ोतरी 1.188 अरब डॉलर रही थी।
अब भारत के कुल गोल्ड रिजर्व का मूल्य बढ़कर 107.741 अरब डॉलर हो गया है।
फिलहाल RBI के पास 880 टन से अधिक सोना मौजूद है, जो कुल विदेशी मुद्रा भंडार का लगभग 14.7 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा बनता है।
SDR और IMF रिजर्व में भी मामूली बढ़ोतरी
आरबीआई के आंकड़ों के अनुसार, भारत के स्पेशल ड्रॉइंग राइट (SDR) में भी हल्की बढ़त दर्ज की गई है।
समीक्षाधीन सप्ताह में SDR में 14 मिलियन डॉलर की वृद्धि हुई है। अब यह बढ़कर 18.735 अरब डॉलर पर पहुंच गया है।
वहीं, अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) के पास रखे गए भारत के रिजर्व में 11 मिलियन डॉलर का इजाफा हुआ है। इसके बाद IMF रिजर्व का स्तर 4.686 अरब डॉलर रहा।









